तेरे परों की छाओं में मुझे मिलती अलग सी पनाह Lyrics तेरे परों की छाओं में मुझे मिलती अलग सी पनाह Lyrics I Tere Paron Ki Chhaon Mein mujhe Milati Alag Si Panaah Lyrics खुदको मज़बा पे रखता हूँ पे मेरे बख्श दो सारे गुनाह तेरे कदमों में बैठा...... तेरे परों की छाओं में मुझे मिलती अलग सी पना… Graceful Infotech July 30, 2024 Read more